घरेलू नुस्खों की मदद से बर्न्स का इलाज कैसे करें

23 दिसम्बर, 2018
जलने से बने घाव यानी बर्न्स आमतौर पर बहुत दर्दनाक होते हैं, लेकिन ऐसे कई नेचुरल तरीके हैं जिनसे इस समस्या का मिनटों में इलाज किया जा सकता है।

बर्न्स त्वचा पर लगने वाली चोटें हैं जो किसी खतरनाक एजेंट, जैसे गर्मी, ठंड, बिजली, धूप या कुछ केमिकल के संपर्क में आने से होते हैं। इंसान का शरीर 40 डिग्री सेल्सियस तक तापमान सहन कर सकता है। इसके ऊपर स्किन अपनी दोबारा पनपने की अपनी ताकत खो देती है। इस आर्टिकल में हम देखेंगे, घरेलू नुस्खों की मदद से बर्न्स का इलाज कैसे करें।

बर्न्स के प्रकार और लक्षण (Types of burns and symptoms)

बर्न्स के प्रकार और लक्षण

बर्न्स का दर्दनाक होना या ना होना उनकी डिग्री पर निर्भर करता है। बर्न्स की  डिग्री शरीर पर उसके होने की जगह और उसकी गहराई के अनुसार तय होती है

  • फर्स्ट-डिग्री बर्न (First-degree burns): यह सिर्फस्किन की ऊपरी परत पर असर डालता है और इनकी पहचान स्किन के लाल होने और दर्द से होती है। अगर कोई आदमी बहुत देर तक धूप में रहता है तो इनका होना आम बात है। खासतौर पर गर्मियों में ये बहुत ही आम होते हैं।
  • सेकंड-डिग्री बर्न (Second-degree burns): ये थोड़े गहरे होते हैं और इनकी खासियत यह है कि वे फफोलों के रूप में दिखाई देते हैं। ये फफोले बर्न्स  के खिलाफ एक डिफेन्स सिस्टम की तरह काम करते हैं और उसे इन्फेक्शन से बचाते हैं। उनके अंदर जो तरल होता है, उससे वे घाव को हाइड्रेट रखते हैं और ठीक होने में मदद करते हैं। इस किस्म के बर्न्स बहुत दर्दनाक होते हैं।
  • थर्ड-डिग्री बर्न (Third-degree burns): इन्हें जले हुए टिशूज के रूप में पहचाना जाता है। ऐसे बर्न्स दर्द महसूस कराने वाली नसों को नुकसान पहुंचाते हैं। इस वजह से  थर्ड-डिग्री बर्न में तकलीफ नहीं होती है।

सभी बर्न्स परेशानी का कारण बनते हैं और स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचा सकते हैं। फिर भी, यह सब इस बात पर निर्भर करता है कि बर्न्स शरीर के किस हिस्से पर हुए हैं। इस तरह से, फर्स्ट-डिग्री बर्न में शरीर का 90% हिस्सा प्रभावित होता है जो सेकंड-डिग्री के बर्न के बराबर या उससे ज्यादा खतरनाक है जो केवल शरीर को 20% ही नुकसान पहुंचाता है।

कारण (Causes)

बहुत सारे ऐसे फैक्टर्स हैं जिनके कारण बर्न्स हो सकते हैं:

  • आग
  • भाप या गर्म लिक्विड
  • मेटल, कांच, और दूसरी गर्म चीजें
  • बिजली का करंट
  • एक्स-रे रेडिएशन या कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली रेडिएशन थेरेपी
  • टैनिंग बैड या सनलैम्प से मिलने वाली अल्ट्रावॉयलेट लाइट या धूप की रोशनी
  • बहुत तेज एसिड, लाई, पेंट थिनर, या गैसोलीन जैसे केमिकल

रोकथाम (Prevention)

दराज को खोलता हुआ बच्चा

जब आप घर से बाहर हों, तो जलने के खतरे से सावधान रहें, खासतौर पर अगर आप ऐसी जगह पर काम करते हैं जहां पर खुली आग, केमिकलस, या बहुत गर्म चीजें हो।

छोटे-मोटे घरेलू बर्न्स के खतरे को कम करने के लिए:

  • आप गैस पर रखे हुए खाने पर ध्यान दीजिए।
  • किचन के पीछे की तरफ स्टोव के हैंडल घुमाएँ।
  • गर्म चीजों को
  • जानवरों और बच्चों की पहुंच से दूर रखें
  • बिजली से चलने वाली चीजें पानी से दूर रखें।
  • बच्चे को खाना परोसने से पहले खाने का तापमान देख लें। छोटे बच्चे की दूध की बोतल को माइक्रोवेव में गर्म ना करें
  • ढीले कपड़े पहन कर गैस पर खाना ना बनाएं जो आसानी से आग पकड़ सकते हैं।
  • अगर आस-पास छोटे बच्चे मौजूद हैं, तो उन्हें गर्म चीजों जैसे स्टोव, आउटडोर ग्रिल्स, आग जलाने की जगह, और हीटर से दूर रखें।

बर्न्स का इलाज करने के सलाह और प्राकृतिक नुस्खे

लैवंडर एसेंशियल ऑयल (Lavender essential oil)

इसमें पाए जाने वाले एंटीसेप्टिक और एनाल्जेसिक गुणों की वजह से, इसे लगाते ही आपको तुरंत आराम मिलता है। साथ ही, इससे त्वचा पर जलने के निशान रह जाने का जोखिम भी कम हो जाता है।

जरूरी चीजें

  • 1 कप लैवंडर ऑयल (250 मिलीलीटर)

 इस्तेमाल करने का तरीका (How to use)

  • इसे जले हुए हिस्से पर लगाएं और बिना किसी चीज से ढके ऐसे ही छोड़ दें।
  • इस तेल को पूरे दिनभर में बार-बार लगाते रहना बहुत जरूरी है।

शहद (Honey)

शहद

बर्न्स और घाव को डिसिन्फेक्शन करने और ठीक करने के साथ ही, शहद टिशूज में से फ्लूइड को निकाल लेता है, जिस से जला हुआ हिस्सा साफ हो जाता है। बदले में, यह स्किन को मुलायम और चमकदार बनाता है।

जरूरी चीजें (Ingredients)

  • 1 कप शहद (250 मिलीलीटर)

 इस्तेमाल करने का तरीका (How to use)

  • बर्न्स पर शहद लगाएं। इसे लंबे समय तक सूखा रखना बहुत जरूरी है। इसके साथ ही घाव को किसी भी तरह के कपड़े से ना ढके।
  • जल्दी से ठीक करने के लिए इसे दिन में बार-बार लगायें।

सिरका (Vinegar)

अपनी एस्ट्रिंजेंट और एंटीसेप्टिक गुणों की वजह से सिरका छोटे-मोटे बर्न्स को ठीक करने और इन्हें किसी भी तरह के इंफेक्शन से बचाने में मदद करता है। यह फर्स्ट-डिग्री और सेकंड-डिग्री बर्न्स के लिए सबसे अच्छा विकल्प है।

जरूरी चीजें (Ingredients)

इस्तेमाल करने का तरीका (How to use)

  • बस सिरके को जलने वाली जगह पर लगाकर 1 से 2 घंटे के लिए छोड़ दें
  • दूसरे नुस्खों की तरह, बर्न को जल्दी से ठीक करने और नई स्किन को बनाने के लिये इसे दिन में बार-बार लगाते रहें।

 ठंडा पानी (Cold water)

जलन से छुटकारा पाने के लिए, हम आपको सलाह देते हैं कि बर्न वाली जगह पर कुछ मिनटों तक लगातार ठंडा पानी डालें। आप जली हुई जगह पर ठंडा कंप्रेसिस भी रख सकते हैं

इस्तेमाल करने का तरीका (How to use)

  • जले हुए हिस्से को ठंडे पानी में डुबो दें या उस पर पर्याप्त मात्रा में ठंडा पानी डालें।
  • अगर आप चाहें, तो जली हुई जगह पर ठंडा कंप्रेसिस भी रख सकते हैं।