गर्दन में लम्प : वह सब जो जान कर रखना चाहिए

गर्दन में होने वाली लम्प या गाँठ निगलने में कठिनाई या आवाज़ बैठने जैसे लक्षण पैदा कर सकती है। ज्यादा जानकारी के लिए पढ़ते रहें!
गर्दन में लम्प : वह सब जो जान कर रखना चाहिए

आखिरी अपडेट: 05 जनवरी, 2020

अपनी गर्दन में लम्प नोटिस करके कोई भी आदमी फिक्रमंद हो सकता है। आखिरकार इससे आमतौर पर जो पहली बात जेहन में आती है, वह है कैंसर। हालांकि कैंसर के अलावा भी इसके कई कारण हो सकते हैं। दरसल इनमें से सभी मैलिग्नेंट या घातक नहीं होते। उदाहरण के लिए एक संक्रमण, सिस्ट या कोई नुकसानरहित ट्यूमर भी गर्दन में लम्प पैदा कर सकता है।

गर्दन में लम्प का मुख्य कारण लिम्फ नोड की सूजन है। लिम्फ नोद गोल संरचनाएं हैं जो इम्यून सिस्टम का हिस्सा हैं और पूरे शरीर में पाए जाते हैं। वे संक्रमण को पहचानने और उनसे लड़ने में शरीर की मदद करते हैं और अक्सर सूज जाते हैं। यह आमतौर पर बहुत ही सामान्य और अस्थायी स्थिति है।

इस आर्टिकल में हम गर्दन में होने वाली गाँठ के बारे में जानने योग्य तमाम बातों की व्याख्या करेंगे।

गर्दन में लम्प का मुख्य कारण

हमने ऊपर बताया है, गर्दन में लम्प का सबसे आम कारण लिम्फ नोड की सूजन है। कुल मिलाकर यह सूजन कई कारणों से हो सकती है:

  • आस-पास का संक्रमण : उदाहरण के लिए ठंड से या गले का कोई संक्रमण। यह बहुत आम है, खासकर बच्चों में। मोनोन्यूक्लिओसिस (Mononucleosis), दांत के फोड़े (tooth abscess), और टॉन्सिलाइटिस का भी जिक्र किया जाना चाहिए।
  • लिम्फ नोड संक्रमण को लिम्फैडेनाइटिस (lymphadenitis) भी कहा जाता है।
  • ह्यूमन इम्युनोडेफिशिएंसी वायरस (एचआईवी) और टीबी जैसे सिस्टेमिक रोग।

इसके अलावा कुछ रोग प्रतिरोधी तंत्र से जुडी गड़बड़ियां भी गर्दन में लम्प का कारण बन सकती हैं। इसलिए कि वे संक्रमण की तरह ही लिम्फ नोड में सूजन पैदा करते हैं। सबसे प्रमुख बीमारी रुमेटाइड आर्थराइटिस है, जो एक ऐसी बीमारी है, जिसमें इम्यून सिस्टम गलती से स्वस्थ टिशू पर हमला करता है। यह स्थिति मुख्य रूप से जॉइंट को प्रभावित करती है।

इसी तरह कुछ दवाएं लिम्फ नोड्स में सूजन ला सकती हैं। गर्दन में लम्प एक सिस्ट के कारण भी हो सकता है, जो एक तरल से भरी थैली है। अल्सर सबसे आसानी से पहचाने जाने योग्य होते हैं क्योंकि उनमें से कई जन्म के समय मौजूद होते हैं। एक दूसरा संभावित कारण लार ग्रंथि (salivary gland) की समस्या है।

हालाँकि हम इस तथ्य की अनदेखी नहीं कर सकते कि यह कैंसर के कारण भी हो सकता है। ध्यान रखें कि घातक ट्यूमर वृद्ध लोगों में ज्यादा आम होते हैं। हालांकि यह एक कैंसरयुक्त लिम्फ नोड भी हो सकता है, और यह आसपास के अंग में होने वाले ट्यूमर के फैलने से भी हो सकता है। दअसल यह दूर के ट्यूमर का मेटास्टेसिस भी हो सकता है।

गले में लम्प के खतरनाक संकेत और लक्षण

यदि गर्दन में लम्प है, तो तुरंत डॉक्टर से चेकअप कराना होगा। जरूरी टेस्ट करना बहुत महत्वपूर्ण है जिससे डायग्नोसिस हो सके। हालांकि जरूरी टेस्ट के अलावा, कई इंडिकेटर इन गांठों की प्रकृति के बारे में जानने में मदद कर सकते हैं।

नरम और दर्दनाक लम्प आमतौर पर संक्रमण का संकेत है। ऐसी गांठ कुछ समय में गायब हो जाती हैं। इसके अलावा लिम्फैडेनाइटिस लिम्फ नोड संवेदनशीलता का कारण बनता है। यदि गांठ सख्त है, स्थिर है, और कोई तकलीफ़ नहीं देती है तो यह एक ट्यूमर हो सकता है।

ट्यूमर दूसरे लक्षणों जैसे कि एफ़ोनिया (आवाज बैठना) या निगलने में कठिनाई का कारण भी बन सकता है। अगर गर्दन में लम्प है जो ख़त्म नहीं हो रहा, और हमारे द्वारा बताए गए किसी भी लक्षण का कारण बनता है, तो जल्द से जल्द अपने डॉक्टर से मिलें।

डायग्नोस्टिक टेस्ट

कई टेस्ट से मेडिकल डायग्नोसिस हो सकती है। हालांकि यदि रोगी युवा है तो ज्यादा संभव है कि यह कोई ट्यूमर नहीं होगा।

ये टेस्ट आमतौर पर जरूरी नहीं होते हैं अगर संक्रमण के संकेत मिल जाते हैं। इसी तरह डॉक्टर स्थिरता का मूल्यांकन करते हैं कि यह दर्द का कारण बनता है या नहीं।

डॉक्टर आमतौर पर पहले टोटल ब्लड काउंट की सिफारिश करते हैं। वे चेस्ट एक्स-रे के लिए भी कह सकते हैं। कैंसर के लिए वार्निंग संकेत या रिस्क फैक्टर मौजूद होने पर वे ज्यादा सटीक टेस्ट की ओर जा सकते हैं। इनमें बायोप्सी शामिल है, जिसमें टेस्ट के लिए लम्प के एक हिस्से को निकाल लिया जाता है।

साथ ही डॉक्टर इमेजिंग टेस्ट जैसे सीटी स्कैन और एमआरआई स्कैन का अनुरोध कर सकते हैं। अल्ट्रासाउंड भी कभी-कभी उपयोगी होता है।

निष्कर्ष

आमतौर पर गर्दन में लम्प ऐसे लिम्फ नोड के कारण होते हैं जो आकार में बढ़ गये हों। इसका सबसे आम कारण आसपास का एक संक्रमण होता है जो आमतौर पर अपने आप ही ख़त्म हो जाता है।

हालांकि आपको दूसरे टेस्ट पर ध्यान देना होगा। अगर आपकी गर्दन में लम्प दर्दनाक नहीं है और एक जगह स्थिर रहता है, तो यह कोई ट्यूमर हो सकता है। आदर्श रूप से इसके बारे में सटीक तौर पर जानने के लिए आपको डॉक्टर से मिलना चाहिए।

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