25 दिन की इस रूटीन से अपनी ज़िन्दगी बदलें

सितम्बर 9, 2019
शुरू में इससे कोई फायदा आपको नहीं भी महसूस हो सकता है, पर रोज मेडिटेशन करने से आपको अपनी ज़िन्दगी बदलने, भावनात्मक और शारीरिक दोनों तरह से स्वस्थ होने में मदद मिलेगी।

कभी-कभी हम शारीरिक और मानसिक दोनों तरह से थका हुआ महसूस करते हैं। इसका मतलब है अब आपको थोड़ा ठहरना चाहिए और कुछ बिलकुल अलग करना चाहिये। यह अपनी घिसी-पिटी रूटीन से अलग कुछ करने, ज़िन्दगी में बदलाव लाने का वक्त है।

हम अक्सर नई चीजों और बदलाव से डरते हैं, लेकिन कभी-कभी हमें इसकी ज़रूरत होती है, भले ही यह मुश्किल हो। आखिरकार अपने आप से खुश रहना, शांति से जीना ज़रूरी है।

इस समय बहुत ज्यादा दबाव है और कुछ लोग अपने प्रति कुछ ज्यादा ही कठोर हो जाते हैं। यह आपको थकाने वाला होता है। यह सोचने की ज़रूरत है कि आपके जीवन में वास्तव में क्या अहम है।

एक कदम पीछे हटने और अपनी रूटीन और रियलिटी को बदलने का वक्त आ गया है।

अपनी रूटीन में अपना ख्याल रखना शामिल करें

कुछ वक्त अपने लिए निकालें। अपनी खुद की उन जरूरतों के बारे में थोड़ा सोचें, जो आपको खुश करती हैं, और जिसे आप सीखना चाहते थे लेकिन लम्बे समय से टालते आ रहे हैं

इसके कई तरीके हैं:

  • डेली रूटीन में एक घंटे निर्धारित करें जब आप कुछ ऐसा करेंगे जिसमें आप वास्तव में अपराधबोध न महसूस करें या सोचते हैं कि आप इसके लायक नहीं हैं।
  • वर्तमान पलों में जियें और भविष्य की फ़िक्र उसे ही करने दें। आज के बारे में, इस वक्त के बारे में सोचें। आपके पास जो कुछ है उसके बारे में सोचें और इसके लिए शुक्रगुजार रहें।
  • अपने प्रति सहज होने की कोशिश करें और कुछ लक्ष्य तय करें। यह हेल्दी है। हालाँकि अपनी क्षमता से बाहर खुद से सवाल न करें, न ही उसे उससे ज्यादा धक्का दें।
  • छोटी-छोटी चीजों का आनंद लेना सीखें: ताजी हवा में टहलना, किताब पढ़ना, नहाना … सांस लेना और आराम करना।
  • पॉजिटिव चीजों के बारे में सोचें और टॉक्सिक, नेगेटिव लोगों से दूर रहें। वे आपकी एनर्जी आपसे छीन लेते हैं। वे आपके रह में बाधाएं डालते हैं और आपको खुश रहने से रोकते हैं।

जब आप अपनी ज़िन्दगी को बेहतरी की दिशा में बदलते हुए देखेंगे, तो आप जीवंत, खुश, ऊर्जावान और उद्देश्यपूर्ण महसूस करेंगे। आपका सच्चा आत्म पैदा होगा

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बेहतर क्वालिटी लाइफ का मजा लेने के लिए एक्सरसाइज करें

फिजिकल एक्टिविटी को अपनी रूटीन में शामिल करना आपके लिए बहुत अच्छा है। एक घंटे की वाकिंग के लिए बाहर जाना अच्छी एक्सरसाइज है
इससे आपके दिलो- दिमाग और शरीर दोनों को फायदा होता है। यह,

  • आपके कार्डियोवैस्कुलर सिस्टम को मजबूत करता है।
  • आपके ब्लड सर्कुलेशन में सुधार लाता है और आपकी मसल्स व हड्डियों को मजबूत करता है।
  • आपके मेटाबोलिज्म को तेज करता है और फैट को जलाने में मदद करता है।
  • बेहतर नींद और डीप रेस्ट करने में मदद करता है।
  • आत्म विश्वास में सुधार लाता है।
  • जब आप इसके नतीजे पाते देखेंगे तो आपमें मजबूती आयेगी।
  • स्ट्रेस और एंग्जायटी कम करता है।
  • सामान्य रूप से आपका मूड बेहतर होगा और आपकी ऊर्जा में संतुलन आयेगा।

मेडिटेशन और रिलैक्शेसन रूटीन से अपनी ज़िन्दगी को बदलें

इस बदलाव को अंजाम देने के लिए एक्सरसाइज मौलिक है, लेकिन मेडिटेशन वास्तव में आपको जगाएगा। यह खुद की तह तक पहुंचने और अपनी वास्तविक इच्छाओं को जानने की यात्रा है।

जब आप अपने अंदरूनी आत्म के संपर्क में होते हैं, तो ज़रूरी बदलाव करने के लिए आप अपने लिए सही रास्ता चुनते हैं।

आप इंटरनेट पर सभी तरह के निर्देशित मेडिटेशन पा सकते हैं जो मन को शांत करने और किसी भी स्ट्रेस को छोड़ने में मदद करेंगे।

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मेडिटेशन करने के लिए टिप्स

अपनी दिनचर्या में एक्सरसाइज प्लान और मेडिटेशन को शामिल करने का प्रयास करें। आपको इसे हर दिन कम से कम 25 दिनों के लिए करना चाहिए। इससे आप अपनी देह और दिलो-दिमाग में पॉजिटिव नतीजे देखेंगे।

शुरुआती सेशन आमतौर पर 10 से 15 मिनट का होना चाहिए।

  • आप म्यूजिक की सहायता से मेडिटेशन कर सकते हैं, जिसमें बारिश, आग और समुद्र जैसी प्रकृति की आवाज़ों के साथ वीणा या पियानो जैसे इंस्ट्रूमेंट का मेल हो। संगीत की जगह पक्षियों, जानवरों की आवाज़ वाले रिकॉर्ड भी हैं जिससे आपको लगे कि आप जंगल में हैं।
  • एक आरामदेह जगह खोजें, जहाँ आपको डिस्टर्बेंस न हो। इसे कुर्सी पर बैठकर या सोफे पर लेट कर कर सकते हैं।
  • भटकाव रोकने के लिए अपना सेल फोन बंद करना ठीक रहगा। वातावरण शांतिदायक बनाने के लिए धूप का इस्तेमाल भी कर सकते हैं।
  • याद रखें कि आपके लिए बहुत पवित्र समय होगा। इसे हर दिन एक ही समय पर करना ठीक होगा।

मेडिटेशन आपकी ज़िन्दगी बदलेगा

मेडिटेशन आपकी ज़िन्दगी को पूरी तरह से बदल सकता है।

शुरू में इसकी आदत डालना मुश्किल हो सकता है। क्योंकि आपको लगता है कि आपके पास वक्त नहीं है। ऐसा भी लग सकता है कि इससे कोई फायदा नहीं हो रहा है। लेकिन अगर इसे लगातार और दृढ़ संकल्प के साथ करते रहे, तो आप इसे हमेशा के लिए करेंगे।

आपके शरीर में इससे आने वाली सुदंरता और मन की शांति से आपको लगेगा कि आपको बहुत पहले शुरू करना चाहिये था।
आज ही शुरू करें और अपनी ज़िन्दगी को बदलें!

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