क्या जेनिटल कैंडिडाइसिस आपकी सेक्स लाइफ को प्रभावित करता है?

अक्टूबर 12, 2019
भले ही जेनिटल कैंडिडाइसिस (एक यीस्ट इन्फेक्शन) अक्सर अपने आप उभरता हो, लेकिन यह आपके पार्टनर में ट्रांसमिट हो सकता है। इसके अलावा, जननांग में दर्द और जलन पैदा करने के कारण यह यौन-संपर्कों के दौरान काफी परेशान कर सकता है।

जेनिटल कैंडिडाइसिस एक एक यीस्ट इन्फेक्शन है। यह बहुत ही आम किस्म का संक्रमण है। दरअसल आंकड़े बताते हैं कि ज्यादातर महिलाएं जीवन में किसी न किसी मोड़ पर यीस्ट इन्फेक्शन का शिकार होती हैं। शायद आप सोच रही होंगी, जेनिटल कैंडिडाइसिस क्या आपके यौन जीवन पर कोई असर डालता है?

आइये कुछ तथ्यों की जाँच करें।

जेनिटल कैंडिडाइसिस (Genital Candidiasis)

जेनिटल कैंडिडाइसिस एक संक्रमण है जो कैंडिडा अल्बिकंस (Candida albicans) नाम के फंगस के कारण होता है। यह न केवल जननांगों बल्कि शरीर के दूसरे हिस्सों को भी प्रभावित कर सकता है, जिससे ओरल कैंडिडाइसिस (thrash) या स्किन कैंडिडाइसिस हो सकती है।

जब यह जननांग को प्रभावित करता है, तो कैंडिडाइसिस सबसे आम गाइनेकोलॉजिकल स्थितियों में से एक है। हालाँकि, यह सिर्फ महिलाओं का रोग नहीं है क्योंकि यह पुरुषों को भी प्रभावित कर सकता है।

कैंडिडा एक फंगस है जो योनि के अंदर दूसरे सूक्ष्मजीवों के साथ रहता है। वहां ये  जीव संतुलित तरीके से रहते हैं और वेजाइनल माइक्रोबायोटा का हिस्सा हैं।

कुछ मामलों में कैंडिडा फंगस बहुत ज्यादा बढ़ सकता है, जिससे वेजाइनल फ्लोरा के बीच असंतुलन पैदा हो सकता है। यह असंतुलन जेनिटल कैंडिडाइसिस का कारण बनता है।

जेनिटल कैंडिडाइसिस (Genital Candidiasis)

हालांकि यह खतरनाक नहीं है, पर कई मामलों में यह बार-बार होने वाला संक्रमण बन सकता है। इसलिए यह ज़रूरी है कि अगर आपको जेनिटल कैंडिडाइसिस का संदेह हो तो गाइनेकोलॉजिस्ट से सलाह लें।

कैंडिडाइसिस पुरुषों को भी प्रभावित कर सकता है। हालांकि यह सच है कि महिलाओं को इस प्रकार के संक्रमण की संभावना ज्यादा हो सकती है, लेकिन पुरुष जेनिटल कैंडिडाइसिसके के लिए प्रतिरोधी नहीं हैं।

इस तरह जब कैंडिडा फंगस लिंग को प्रभावित करता है, तो यह बैलेनाइटिस (balanitis) का कारण बनता है, जो कि चमड़ी और ग्रंथियों की सूजन है। इसके अलावा, लालिमा, जलन, खुजली और यहां तक ​​कि एक सफेद परत भी दिखाई दे सकती है।

नतीजतन, जेनिटल कैंडिडाइसिस महिलाओं की तरह पुरुषों में भी सेक्स के दौरान असुविधा और दर्द पैदा कर सकता है।

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जेनिटल कैंडिडाइसिस के कारण

जेनिटल कैंडिडाइसिस होने के संभावित कारणों में से कुछ हैं:

  • वेजाइनल फ्लोरा में बदलाव (एंटीबायोटिक दवाओं का लंबे समय तक सेवन के कारण)
  • डायबिटीज, मोटापा
  • ज्यादा शराब पीना
  • कमजोर इम्यून सिस्टम (एचआईवी, ट्रांसप्लांट, कीमोथेरेपी, आदि के कारण)
  • सिंथेटिक अंडरवियर पहनना
  • हार्मोन में बदलाव (गर्भावस्था में)
  • साबुन या / और तेज केमिकल वाली चीजों से जाँघों की ज्यादा सफ़ाई
  • एंटीबायोटिक्स लेना

एंटीबायोटिक दवायें खाने से माइक्रोबायोटा के फायदेमंद बैक्टीरिया भी नष्ट हो जाते हैं, जो कैंडिडा की ग्रोथ में बढ़ावा देता है।

जेनिटल कैंडिडाइसिस के सबसे लक्षण लक्षण हैं:

  • खुजली, जलन
  • जलन
  • लाली और सूजन
  • मूत्र त्याग करने में दर्द
  • मोटी सफेद योनि स्राव
  • पुरुषों में बैलेनाइटिस या फोरस्किन और ग्लैंड में सूजन

इलाज

कैंडिडाइसिस फंगस के कारण होता है। इसलिए डॉक्टर इसके लिए एंटिफंगल ट्रीटमेंट की सिफारिश करते हैं। दरअसल अगर आप डॉक्टर की बतायी ही क्रीम या मलहम सही डोज में लगाएं तो संक्रमण कुछ दिनों के भीतर कम हो जाना चाहिए।

हालांकि, गाइनेकोलॉजिस्ट से मिलना भी ज़रूरी है। आपको यह ध्यान रखना चाहिए कि सिर्फ एक गाइनेकोलॉजिस्ट ही यह तय कर सकता है कि यह इन्फेक्शन जेनिटल कैंडिडाइसिस ही है। नतीजतन आपका डॉक्टर आपको सही इलाज बता सकता है, और यह बता सकता है कि कहीं बीमारी कोई दूसरी तो नहीं है।

फिर भी एंटिफंगल क्रीम डॉक्टर की पर्ची के बिना भी मिल सकता है। हालाँकि, यह अहम है कि अपने डॉक्टर के निर्देशों पर अमल करें।

अगर आप डॉक्टर से न मिलें तो आप अन्य स्थितियों यहां तक ​​कि सेक्सुअली ट्रांसमिटेड डिजीज को जेनिटल कैंडिडाइसिस समझने का जोखिम उठाती हैं

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क्या जेनिटल कैंडिडाइसिस आपकी सेक्स लाइफ को प्रभावित करता है?

बैरियर कॉण्ट्रासेप्टिव मेथड का इस्तेमाल आपके सेक्स पार्टनर तक कैंडिडा के प्रसार को रोकने में मदद कर सकता है।

इसका जवाब है हाँ।

कैंडिडाइसिस आपकी सेक्स लाइफ को प्रभावित कर सकता है। इसलिए, यदि आपको कैंडिडाइसिस है, तो आपको सावधानी बरतने की ज़रूरत है।

क्यों?

  • कैंडिडाइसिस दर्द और जलन पैदा कर सकता है। इसलिए यह सेक्स को तकलीफ़देह बना सकता है। जब तक संक्रमण पूरी तरह से गायब न हो जाये, सेक्स न करने की सलाह दी जाती है।
  • हालांकि यह अक्सर यौन कार्य के बजाय दूसरे माध्यमों से विकसित होता है, पर यह संक्रमण आपसे किसी दूसरे व्यक्ति में जा सकता है। दरअसल यह सेक्स के बाद पुरुषों में पेनिस बैलेनाइटिस, जलन और लालिमा का कारण बन सकता है।
  • इस अर्थ में अगर यौन संपर्क जारी रखना चाहती हैं, तो कंडोम का इस्तेमाल करना ज़रूरी है।
  • दूसरी ओर, चूंकि संभोग जलन बढ़ा सकता है, इसलिए यह इसके ठीक होने में रुकावट डाल सकता है। हालांकि आप अपने इलाज को नाकाम नहीं कर रही हैं, फिर भी संक्रमण ख़त्म होने तक सेक्स से दूर रहना ही ठीक होता है।

निष्कर्ष

जेनिटल कैंडिडाइसिस एक इन्फेक्शन है लेकिन विशेष रूप से बहुत खतरनाक नहीं है। सही इलाज से यह कुछ ही दिनों में गायब हो सकता है।

हालांकि, कैंडिडाइसिस से पीड़ित होने पर सेक्स करने से आपके साथी में इसका संक्रमण होने जैसी कुछ समस्याएं हो सकती हैं। इससे आपको पूरी तरह ठीक होने में ज्यादा वक्त लग सकता है।

चूंकि कैंडिडाइसिस में जलन जैसे लक्षण  उभरते हैं, इसलिए सेक्स सुखद नहीं भी लग सकता है।

इन कारणों से डॉक्टर संभोग से तब तक परहेज करने की सलाह देते हैं जब तक संक्रमण पूरी तरह ख़त्म न हो जाए

पर अगर आप फिर भी यौन संबंध बनाना चाहें तो दूसरों में संक्रमण फैलने से बचने के लिए कंडोम का इस्तेमाल ठीक रहेगा।

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